प्रश्न 9: सच का विलोम क्या है?

उत्तर- झूठ, जो वास्तविकता के विपरीत हो, उन्हीं में से लोगों के साथ झूठ बोलना, वचन न निभाना तथा झूठी गवाही देना है।

नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम ने फरमाया है: "झूठ पाप का और पाप जहन्नम का मार्ग दिखाता है। एक इंसान, झूठ बोलता रहता है और झूठ को जीता रहता है, यहाँ तक कि अल्लाह के पास 'झूठा' लिख दिया जाता है"। बुख़ारी एवं मुस्लिम नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम ने फ़रमाया है: मुनाफ़िक़ (पाखंडी) की तीन निशानियाँ हैं: ''-उनमें से एक यह बताया कि- जब बात करे तो झूठ बोले और जब वचन दे तो वचन न निभाए''। बुख़ारी एवं मुस्लिम